लंदन के Shepherd’s Bush इलाके में स्थित Uxbridge Road शहरी रीटेल मार्केट की बदलती तस्वीर को दर्शाती है। स्थानीय निवासियों और स्वतंत्र बिज़नेस मालिकों के अनुसार, स्वतंत्र दुकानों के अस्तित्व पर गहरा संकट मंडरा रहा है। इस गिरावट की मुख्य वजहें अनअफोर्डेबल रेंट, बढ़ते बिज़नेस रेट्स और मनी-ट्रांसफर सेवाओं, वेप शॉप्स, टेकअवे आउटलेट्स और बार्बर शॉप्स की अप्रत्याशित बढ़ोतरी हैं। इस सड़क पर स्थित आखिरी बैंक ब्रांच भी हाल ही में बंद हो गई है, जिससे पारंपरिक बैंकिंग और कमर्शियल इकोसिस्टम को बड़ा झटका लगा है।
सड़क के आधे मील के मुख्य हिस्से पर किए गए प्रत्यक्ष निरीक्षण से पता चलता है कि यहां रीटेल डाइवर्सिटी की जगह विशिष्ट सर्विस क्लस्टरिंग ने ले ली है। इस छोटे से इलाके में 11 मनी ट्रांसफर सर्विस सेंटर, 32 फास्ट फूड आउटलेट्स, 11 बार्बर शॉप्स और 11 मोबाइल फोन केस एवं रिपेयर शॉप्स काम कर रहे हैं। इसके विपरीत, पारंपरिक हार्डवेयर और ग्रॉसरी जैसी दुकानें धीरे-धीरे मार्केट से बाहर हो रही हैं।
Uxbridge Road पर रीटेल क्लस्टरिंग और फुटफॉल का असंतुलन
सड़क के आधे मील के दायरे में व्यावसायिक गतिविधियों के पैटर्न में भारी असंतुलन देखा गया है। लेखक के कई घंटों के ऑब्जर्वेशन के दौरान मनी ट्रांसफर सेवाओं का इस्तेमाल करने वाला कोई भी ग्राहक नहीं दिखा। उदाहरण के लिए, Juba Express Money Transfer के दफ्तर में दो अलग-अलग मौकों पर कोई ग्राहक मौजूद नहीं पाया गया, हालांकि वहां लाइट्स जल रही थीं और ‘Service Beyond The Ordinary’ का बोर्ड लगा था।
कंपनीज हाउस (Companies House) के खातों के अनुसार, Juba Express Money Transfer पूरी तरह सॉल्वेंट है और इसमें 10 कर्मचारी काम करते हैं। हालांकि, इन 10 कर्मचारियों की विशिष्ट आंतरिक गतिविधियों की सटीक जानकारी पब्लिक रिकॉर्ड्स में उपलब्ध नहीं है। दूसरी ओर, दोपहर के समय 11 बार्बर शॉप्स में कुल मिलाकर केवल दो ग्राहक देखे गए।
सड़क पर एक कन्वीनियंस स्टोर भी मौजूद है जो पोस्ट ऑफिस का भी काम करता है, लेकिन लेखक के विजिट के दौरान वह लंच के लिए बंद पाया गया। इसके अतिरिक्त, इलाके के कुछ कैफ़े में भीड़ तो देखी गई, लेकिन वे केवल पुरुषों से भरे हुए थे, जिसे महिलाओं के लिए असहज या डराने वाला माना गया है।
छोटे बिज़नेस पर रेंट और प्रीमियम का दबाव
स्वतंत्र रीटेलर्स के लिए Uxbridge Road पर दुकान चलाना वित्तीय रूप से बेहद कठिन होता जा रहा है। एक इच्छुक रीटेल व्यापारी ने बताया कि एक छोटी और खाली दुकान के लिए मौजूदा किरायेदार ने £40,000 के वार्षिक किराए के ऊपर £90,000 के प्रीमियम की मांग की। इस प्रकार की अत्यधिक अग्रिम मांगें नए और स्वतंत्र बिज़नेस को बाज़ार में प्रवेश करने से रोकती हैं।
पारंपरिक रीटेल के खत्म होने का एक बड़ा उदाहरण Greenford Timber है। यह एक पुरानी शैली की हार्डवेयर की दुकान है, जिसे जसबीर भाचु (उम्र 73 वर्ष) और उनके भाई सुखविंदर भाचु पिछले 45 से अधिक वर्षों से चला रहे हैं। अब इस दुकान की खिड़की पर ‘To Let’ का बोर्ड लगा है। जसबीर भाचु ने बताया कि इस दुकान के लिए आने वाले अधिकांश प्रस्ताव ऐसे लोगों के हैं जो इसे कैफ़े या रेस्तरां में बदलना चाहते हैं।
खाने-पीने के बाज़ार में भी बदलाव जारी है। Little Napoli इटैलियन रेस्तरां के मालिक अम्र नसर (Amr Nasr) ने कहा कि वह इस इलाके से प्यार करते हैं, लेकिन अब यहां और चिकन शॉप्स नहीं चाहते। पहले मौजूद एक KFC आउटलेट के बंद होने के बाद कूड़े-कचरे और डबल पार्किंग में भारी कमी आई थी, लेकिन अब उसी जगह पर एक नया KFC आउटलेट दोबारा खुल चुका है।
स्ट्रीट पर चार बुकमेकर्स (सट्टेबाजी की दुकानें) हैं, जिनमें से एक प्राइमरी स्कूल के ठीक बगल में स्थित है और दो अन्य 5-मिनट की पैदल दूरी पर हैं। इनमें से BetFred की एक ब्रांच फिलहाल खाली पड़ी है। इस खाली ब्रांच के भविष्य के इस्तेमाल के बारे में अभी कोई निश्चित जानकारी नहीं है। इसके अलावा, वुडी ग्रिल (Woody Grill) हलाल कबाब शॉप पर दस साल पहले हाइजीन से जुड़े मामलों के लिए £30,000 का जुर्माना लगाया गया था और तीन साल पहले अवैध कर्मचारियों को काम पर रखने के कारण इसे तीन महीने के लिए जबरन बंद कर दिया गया था।
नीतिगत चुनौतियां और स्थानीय प्रशासन की भूमिका
ब्रिटेन के प्रधान मंत्री ने इस स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा है कि बहुत सारे हाई स्ट्रीट्स को खोखला होने के लिए छोड़ दिया गया है, जिससे टाउन सेंटर अपने पुराने स्वरूप का केवल एक ढांचा बनकर रह गए हैं। वहीं, ग्रेटर मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम (Andy Burnham) ने बेहाल टाउन सेंटर हब्स को दोबारा विकसित करने के लिए काउंसिलों की मदद हेतु £210 मिलियन के पैकेज की घोषणा की है।
स्थानीय स्तर पर, लेबर पार्टी द्वारा संचालित हैमरस्मिथ एंड फुलहम काउंसिल (Borough of Hammersmith and Fulham) ने स्वीकार किया है कि वह निवासियों की इस बात से सहमत है कि क्षेत्र में बहुत अधिक बेटिंग शॉप्स, अनहेल्दी टेकअवे, मनी लेंडर्स और वेप शॉप्स मौजूद हैं। काउंसिल का कहना है कि वे क्लस्टरिंग को रोकने के लिए सरकार से मजबूत प्रवर्तन अधिकारों (enforcement powers) और लैंडलॉर्ड्स से निपटने के लिए अधिक विशिष्ट लैंड रजिस्ट्री एक्सेस की मांग कर रहे हैं।
काउंसिल के अनुसार, इस क्षेत्र को एक नए ‘Local Plan’ में शामिल किया जाएगा ताकि इसके भविष्य के स्वरूप को दिशा देने के लिए व्यापक शक्तियां मिल सकें। हालांकि, इस नए लोकल प्लान को लागू करने की सटीक समयसीमा अभी तय नहीं की गई है। इसके अलावा, बंद पड़े पुलिस स्टेशन जैसे डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स से मिलने वाले फंड को Uxbridge Road के बुनियादी ढांचे में सुधार के लिए सुरक्षित (ringfenced) रखा गया है। स्थानीय चुनाव अभियान के दौरान लेबर मैनिफेस्टो में भी इस मार्ग पर मल्टी-मिलियन-पाउंड फंडिंग निवेश करने का वादा शामिल किया गया था।
नागरिक अभियान 'Fix Uxbridge Road' और जमीनी बदलाव
इलाके में स्थिति सुधारने के लिए ‘Fix Uxbridge Road’ नाम से एक अभियान समूह शुरू किया गया। इसकी स्थापना 30 के दशक की वकील नूर (Noor) ने इस इलाके में शिफ्ट होने के बाद की थी। समूह द्वारा सड़क की स्थिति सुधारने के लिए शुरू की गई याचिका पर 3,000 हस्ताक्षर जमा हुए। अभियान के आयोजकों में मिडिल ईस्टर्न, भारतीय, श्रीलंकाई और पोलिश मूल के नागरिक शामिल हैं।
इस समूह के प्रयासों के बाद प्रशासन ने कई सुधारात्मक कदम उठाए हैं:
- सड़क के ऊपर से गुजरने वाले Hammersmith & City line के रेलवे ब्रिज से ग्रैफिटी और उखड़े पेंट को साफ कर उसे नीला रंग दिया गया।
- काउंसिल ने दर्जनों दुकानों के अवैनिंग्स (awnings) को साफ किया और ब्रिटिश टेलीकॉम (British Telecom) पर दबाव डालकर गैर-ज़रूरी फोन बॉक्स हटवाए।
- फुटपाथ से च्युइंग गम और दीवारों से ग्रैफिटी हटाने का काम किया गया और स्टील शटर पर पैटर्न पेंट करने का संकल्प लिया गया।
- सड़क किनारे नए पेड़ लगाए गए, जिन्हें तोड़फोड़ और वेंडलिज्म से बचाने के लिए धातु के पिंजरों में बंद करना पड़ा।
अभियान से जुड़े प्रतिनिधि हर पखवाड़े (fortnight) नामित काउंसिल कैबिनेट सदस्य से मुलाकात करते हैं। अभियान समूह का स्पष्ट कहना है कि वे जेंट्रिफिकेशन (अमीरीकरण) नहीं, बल्कि रीटेल का विविधीकरण (diversification) चाहते हैं।
व्यावसायिक पुनरुद्धार के कुछ अन्य संकेत भी दिखे हैं। The Queen Adelaide पब का जीर्णोद्धार किया जा रहा है और इसे ‘Talli Queen’ के रूप में दोबारा खोला जाएगा। इसके मालिक अवि शशिधरा (Avi Shashidhara) और जेम्स मैकलीन (James McLean) हैं, जिन्होंने इसे ‘भारतीय भोजन वाला गैस्ट्रोपब’ बताया है।
Uxbridge Road पर भविष्य की दिशा
Uxbridge Road वर्तमान में लंदन के पारंपरिक हाई स्ट्रीट्स के सामने आने वाली आर्थिक जटिलताओं का केंद्र बनी हुई है। एक तरफ जहां पारंपरिक स्टोर बंद हो रहे हैं और सर्विस क्लस्टरिंग बढ़ रही है, वहीं दूसरी ओर स्थानीय निवासियों के दबाव और काउंसिल की पहलों से शहरी सुधार के प्रयास जारी हैं। नए लोकल प्लान के अधिकार और काउंसिल द्वारा फंड्स का आवंटन आने वाले समय में यह तय करेगा कि यह सड़क एक संतुलित रीटेल हब बन पाती है या नहीं।
